सात एयरगन और प्रतिबंधित पशु की खाल भी मिली
लखनऊ। उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के मलिहाबाद इलाके में पुलिस ने एक घर में चल रही अवैध असलहा फैक्ट्री का भंडाफोड़ किया है। छापेमारी के दौरान पुलिस ने मौके से अलग-अलग बोर के 158 कारतूस, तीन पिस्टल, एक तमंचा, रायफल, सात एयरगन और हथियार बनाने के उपकरण बरामद किए। साथ ही फैक्ट्री संचालक को गिरफ्तार कर लिया गया है।
डीसीपी उत्तरी गोपाल चौधरी ने शुक्रवार को प्रेस वार्ता में जानकारी दी कि मलिहाबाद के मिर्जागंज निवासी सलाऊद्दीन उर्फ लाला के घर में अवैध हथियार निर्माण और तस्करी की सूचना मिली थी। इस पर पुलिस ने इलाके के पुराने सिनेमाघर के पास एक संदिग्ध व्यक्ति को पकड़ा, जिसकी तलाशी में आठ जिंदा कारतूस मिले। पूछताछ में उसने अपना नाम सलाऊद्दीन उर्फ लाला बताया, जिसके बाद मलिहाबाद और रहीमाबाद पुलिस की संयुक्त टीम ने गुरुवार रात उसके घर पर छापा मारा।
छापे में पुलिस को 315 बोर के 18, 22 बोर के 68 और 40, 12 बोर के 30, 32 बोर के 2 कारतूस समेत कुल 158 कारतूस मिले। इसके अलावा सात एयरगन, तीन पिस्टल, अन्य तमंचे, छह बांका, दो छूरी, नौ फरसा, गड़ांसा और हिरन की खाल भी बरामद की गई। जांच में पता चला कि सलाऊद्दीन एक दवा की दुकान चलाता है। उसकी बड़ी बेटी नार्वे में है, जबकि दूसरी बेटी इंटीग्रल यूनिवर्सिटी में पढ़ाई कर रही है। पूछताछ में सलाऊद्दीन ने कबूला कि वह घर पर ही अवैध हथियार बनाता था।
पड़ोसियों ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि उसके घर पर दिन-रात अजनबियों का आना-जाना लगा रहता था, जिनमें से कई लोग खतरनाक लगते थे। कुछ लोग किराये पर उसके यहां ठहरते भी थे। रातभर मशीनों की आवाजें आती थीं, जिससे लोग डर के मारे उससे बातचीत तक नहीं करते थे। डीसीपी के अनुसार सलाऊद्दीन के खिलाफ अवैध हथियार निर्माण, तस्करी और प्रतिबंधित पशु की खाल रखने जैसी धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। उसे जेल भेज दिया गया है और उसके संबंधियों से पूछताछ जारी है। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि वह किन-किन लोगों को हथियार सप्लाई करता था और इस नेटवर्क में और कौन-कौन शामिल है। मोहर्रम से ठीक पहले इतने बड़े पैमाने पर हथियार बरामद होने के बाद एटीएस सहित अन्य सुरक्षा एजेंसियां सतर्क हो गई हैं और मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है।